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पूरब का वेनिस अलेप्पी

रजनीकांत वशिष्ठ - 2017-12-30 10:37 UTC
दिन दुनिया से परे अगर आपको शांति और नीरवता की तलाश हो तो केरल के अनोखे शहर अलेप्पी में दाखिल हो जाइये। कभी अरब सागर के ही जल से बने लगून और और लगून के बीच इंसानी परिश्रम से बनायी गयीं नहरों के बीच धान के चैकोर कटोरे जैसे खेत और पाम के पेड़ों के झुरमुट ने इसे पूरब के वेनिस का दरजा दे दिया हैं। खासकर हिमालय की सरदी जिस उमर में काटने को दौड़े उनके लिये यहां दिसम्बर से फरवरी तक के तीन महीने आयुर्वेदिक उपचार का भी बेहतरीन मुकाम है।

तीन तलाक विरोधी कानून पर कांग्रेस

राहुल ने दिया परिपक्वता का परिचय
उपेन्द्र प्रसाद - 2017-12-30 10:34 UTC
तीन तलाक को रोकने के लिए जब केन्द्र सरकार ने कानून बनाने का निर्णय किया और प्रस्तावित विधेयक में ऐसा करने वालों के लिए तीन साल की सजा का प्रावधान किया, तो यह देखना दिलचस्प हो गया था कि इस पर कांग्रेस का क्या रुख रहता है। कांग्रेस के रुख से ज्यादा महत्वपूर्ण यह जानना था कि राहुल गांधी की अपनी राजनैतिक समझ के अनुसार इस पर क्या राय बनती है। इसमें कोई दो मत नहीं कि कांग्रेस का वही फैसला है, जो राहुल गांधी का है।

जाधव पाकिस्तान की नफरत भरी कलाबाजी

सुशील कुट्टी - 2017-12-29 12:32 UTC
अवंति और चेतना जाधव के पास पाकिस्तान जाने के अलावा कोई विकल्प नहीं था। उनकी भावना पाकिस्तान की कब्जे में पड़े आदमी से जुड़ी थी। नियंत्रण दुश्मन के हाथ में था। उन्होंने 22 महीने पहले कुलभूषण को देखा था और बात की थी। एक फांसी का इंतजार कर रहे व्यक्ति की मां थी और दूसरी उसकी पत्नी। इसके बाद उन्हें कोई और मौका नहीं मिलता।

तमिलनाडुः क्या दिनकरन बन पांएगे नया राजनीतिक सितारा?

अमूल्य गांगुली - 2017-12-29 12:30 UTC
तमिलनाडु किस राजनीतिज्ञ को पसंद करता है इसका अंदाजा लगाना हर वक्त आसान नहीं होता है, खासकर देश के बाकी हिस्सों की तुलना में। उदाहरण के तौर पर एमजी रामचंद्रन के निधन के बाद जिम्मेदारी कुछ समय तक लोकप्रिय अभिनेता की पत्नी जानकी के कंधों पर रहने के बाद लोगों की स्वीकृति से उनकी प्रेमिका जयललिता के पास आ गई।

राजनीतिक उथल-पुथल से भरा रहा 2017

आगामी वर्ष को भी यह करेगा प्रभावित
डाॅ. भरत मिश्र प्राची - 2017-12-29 12:22 UTC
राजनीतिक उथल- पुथल का दौर पूरे वर्ष चलता रहा जहां लोकतांत्रिक प्रक्रिया के तहत सत्ता परिवर्तन के इस दौर में जो दल कभी पीछे चल रहे थे, आज सबसे आगे है , जो आगे रहे थे , सबसे पीछे खड़े हैं । जनता जर्नादन किसे तख्त ताज देगी, किसे पदच्युत कर देगी, कोई नहीं जानता ? लोकतांत्रिक प्रक्रिया का इससे ज्यादा जीता जागता और क्या प्रमाण हो सकता है। इस तरह के हालात के पीछे राजनीतिक दांव पेंच एवं सत्ता पक्ष के प्रति उभरता आक्रोश मुख्य कारण रहा।

केरल इस्लामी सहयोग समिति पर सतर्कता

मुख्यमंत्री ने चेतावनी जारी की
पी श्रीकुमारन - 2017-12-28 12:58 UTC
तिरुअनंतपुरमः कन्नूर स्थित हलाल फैदाह काॅपरेटिव सोसायटी ने बैंकिंग के इस्लामिक सिद्धांत पर आधारित एक और काॅपरेटिव सोसायटी तैयार करने की योजना बनाई। उस सोसायटी का उद्घाटन भी हो गया, लेकिन उसके उद्धाटन पर पैदा हुआ जोश जल्द ही ठंढ़ा पड़ने लगा है। इसका कारण है मुख्यमंत्री पी विजयन द्वारा उसे लेकर जारी की गई एक चेतावनी।

आटोमेशन से ज्यादा नौकरियां मिलेगी

मशीनीकरण से रोजगार बढ़ेगा या घटेगा
के रविंद्रन - 2017-12-28 12:55 UTC
आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (कृ़ित्रम बुद्धि) के प्रसार से लाखों नौकरियों के खत्म हो जाने की जैसी चिंता भारत को सता रही है वैसा बीपीओ के काम में लगे किसी दूसरे देश को नहीं। यह नीति निर्धारकों, ट्ेªड यूनियनों, साफ्टवेयर तथा दूसरे उद्योगों को समान रूप से परेशान कर रहा है। आउटसोर्सिंग के केंद्र के रूप में भारत का वर्चस्व कम खर्च और सस्ती मजदूरी की वजह से है। इसने विकास दर को बढ़ाने में सबसे महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। इनमें से कई नौकरियां आटोमेशन की वजह से खत्म होने जा रही है। इस बारे में आई सभी रिपोर्टों ने भय पैदा किया है। कुछ ने तो आईटी उद्याोग में 2021 तक 640,000 नौकरियों के जाने की संभावना व्यक्त की है।

दिनाकरण हैं तमिलनाडु के छुपे रूस्तम

आरके नगर की जीत क्या पार्टी पर उनको कब्जा दिला पाएगी?
कल्याणी शंकर - 2017-12-27 10:40 UTC
एक बार फिर तमिलनाडु चर्चा में है। इस बार राधाकृष्णन नगर (आरके नगर) विधानसभा क्षेत्र के उपचुनाव नतीजे के कारण यह चर्चा में है। इस उपचुनाव मे आॅल इंडिया अन्ना डीएमके से निष्कासित टीटीवी दिनकरण की 40 हजार से भी ज्यादा मतों से जीत हुई है। इस नतीजे से यह भी पता चलता है कि तमिलनाडु चुनाव में भ्रष्टाचार कोई मुद्दा ही नहीं है। किसी को यह उम्मीद नहीं थी कि भ्रष्ट छवि रखने वाले दिनकरण को जयललिता के इस चुनावी क्षेत्र से इस तरह की जबर्दस्त सफलता मिलेगी।

अथ बाबा वीरेन्द्र देव दीक्षित कथा

आखिरकार लोगों को हो क्या गया है?
उपेन्द्र प्रसाद - 2017-12-26 12:18 UTC
आशाराम बापू और गुरमीत राम रहीम सिंह इंशां के बाद एक और बाबा आज कानून के कड़े हाथ का सामना कर रहा हैं और कहानी वही पुरानी है। आस्था की आड़ में महिलाओं का यौन शोषण। लेकिन ये बाबा, जिनका नाम वीरेन्द्र दीक्षित हैं पहले वाले दोनों बाबाओं से भी ज्यादा खूंखार दिखाई पड़ रहे हैं। वे स्वघोषित कृष्ण हैं और 16 हजार महिलाओं से शारीरिक संबंध बनाना अपना नैसर्गिक अधिकार समझते हैं। वे कभी कभी अपने को शिव भी कहते हैं और जिन महिलाओं से संबंध बनाते हैं, उन्हें पार्वती का दर्जा दे देते हैं। वे बाबा हैं। अपने को कृष्ण समझें या शिव, लेकिन हमारे देश के लोगों को क्या हो गया है? उनकी इज्जत अपने घरों की महिलाओं में सिमटी होती है, लेकिन उसी इज्जत को वे सरेआम बाबाओं के सामने समर्पित क्यों कर देते हैं?

2 जी स्पेक्ट्रम मुकदमे पर फैसला

नरेन्द्र मोदी की छवि को झटका
उपेन्द्र प्रसाद - 2017-12-23 10:51 UTC
कुख्यात 2 जी स्पेक्ट्रम घोटाले से संबंधित मुकदमे का फैसला गुजरात चुनाव के बाद नरेन्द्र मोदी की छवि को एक और झटका है। गुजरात में भले ही जीत भारतीय जनता पार्टी की हो गई हो, लेकिन उस जीत के लिए नरेन्द्र मोदी ने जिस तरह की गैरजिम्मेदार बयानबाजी की और देश के पूर्व सेनाध्यक्ष की शिरकत वाली एक बैठक कों भी गुजरात चुनाव में एक मुस्लिम को मुख्यमंत्री बनने की पाकिस्तानी साजिश बता दिया, उसके कारण उनकी छवि को काफी नुकसान हो चुका है। इससे यह संकेत गया है कि चुनाव जीतने के लिए प्रधानमंत्री किसी भी हद तक जाकर झूठ का सहारा ले सकते हैं।