नोटबंदी के साये में विधानसभा चुनाव
नरेन्द्र मोदी की निजी प्रतिष्ठा दांव पर
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2017-01-09 11:51 UTC
पांच राज्यों में हो रहे विधानसभा चुनावों में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की निजी प्रतिष्ठा दांव पर लगी हुई है। इसका कारण यह है कि इन चुनावों में नोटबंदी सबसे बड़ा मुद्दा बन रहा है। विपक्षी पार्टियां ही नहीं, बल्कि खुद भारतीय जनता पार्टी भी इसे अपना प्रमुख चुनावी मुद्दा बना रही है। उसे लगता हे कि इसके कारण उसे जनता का समर्थन मिल रहा है। भारतीय जनता पार्टी से भी ज्यादा मायने यह मुद्दा प्रधानमंत्री मोदी के लिए रखता है, क्योंकि यह प्रधानमंत्री का निजी निर्णय के रूप में जनता के सामने आया है। आरोप लग रहा है कि प्रधानमंत्री मोदी ने इस निर्णय से पहले किसी से सलाह नहीं ली। प्रधानमंत्री खुद कह चुके हैं कि इस निर्णय को उन्होंने अंत अंत तक गुप्त रखा, क्योंकि वह नहीं चाहते थे कि जिन लोगों के खिलाफ यह नोटबंदी की जा रही है, उन्हें इसकी भनक पहले से लगे और वे अपने पास जमा काले कैश को ठिकाने लगा दें।