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ओसामा के बाद आतंकवाद

भारत को कोई राहत नहीं
कल्याणी शंकर - 2011-05-07 11:50 UTC
ओसामा की मौत की घोषणा करते हुए अमेरिका के राष्ट्रपति बराक हुसैन ओबामा ने कहा कि 11 सिंतबर के शिकार हुए लोगों के साथ न्याय कर दिया गया। ओसामा को समाप्त करने में अमेरिका को 10 साल लग गए।

ओसामा की मौत और उसके बाद

पाकिस्तान को भारत से रिश्ते सुधारने की पहल करनी चाहिए
उपेन्द्र प्रसाद - 2011-05-04 11:33 UTC
आखिरकार ओसामा बिन लादेन को उसके किए की सजा देने में अमेरिका सफल हो ही गया। सभ्य समाज के लिए यह राहत की बात है। दुनिया में आंतक का सबसे बड़ा नाम अब समाप्त हो गया है। पर जिस तरह से उसकी समाप्ति हुई है, उसने पाकिस्तान की स्थिति पहले से भी कमजोर कर दी है। अपने देश ही नहीं, बल्कि दुनिया के सामने पाकिस्तान के हुक्मरान अपराधी की तरह दिखाई पड़ रहे हैं। उनके पास न तो पाकिस्तान की जनता को देने के लिए कोई जवाब है और न ही अमेरिका सहित दुनिया के अन्य देशों के सवालों का कोई जवाब उनके पास है।

लीबिया में नाटो की कार्रवाई

सैन्य गठबंधन को महंगा पड़ रहा है हस्तक्षेप
उपेन्द्र प्रसाद - 2011-05-01 09:00 UTC
लीबिया को लेकर अमेरिका के नेतृत्व वाले सैन्य संगठन नाटो का रवैया शुरू से ही आपत्तिजनक रहा है। वहां गद्दाफी के खिलाफ असंतोष भड़कने के साथ ही ब्रिटेन और फ्रांस ने अफवाहों का बाजार गर्म कर दिया। अपने प्रचार तंत्र का इस्तेमाल कर ऐसा माहौल खड़ा करना शुरू कर दिया, जिससे लग रहा था कि वहां कर्नल गद्दाफी के दिन लद गए हैं। ब्रिटेन के विदेश मंत्री ने तो यहां तक कह दिया कि गद्दाफी अपना देश छोड़कर भाग चुके हैं। जाहिर है, इस तरह का दुष्प्रचार विद्रोह को बढ़ावा देने के लिए किया गया और उसमें वे सफल भी रहे, लेकिन असंतोष के बावजूद गद्दाफी अपने किले में मजबूत बने रहे और धीरे धीरे अपनी मजबूती बढ़ाते भी रहे।

भारत पाकिस्तान व्यापार संबंध: रिश्ते सुधारने की कोशिश

विशेष संवाददाता - 2011-04-28 20:25 UTC
नई दिल्लीः भारत और पाकिस्तान ने आपसी व्यापार बढ़ाने के प्रयास तेज कर दिए हैं। इसके लिए दोनों देशों के वाणिजय सचिवों की एक बैठक 27 और 28 अप्रैल को इस्लामाबाद में हो रही है। भारत को उम्मीद है कि इस बैठक में दोनों देशों के बीच व्यापार संबंध बढ़ाने के लिए कुछ ठोस कदम उठाने की पृष्ठभूमि तैयार होगी।

अफरीदी के बयानों का अर्थ

भारतीय के नाते हमें पाकिस्तान के संदर्भ में गांधी की धारा को मजबूत करना चाहिए
अवधेश कुमार - 2011-04-11 08:13 UTC
कुछ लोगों की राय है कि पाकिस्तान क्रिकेट टीम के कप्तान शाहिद अफरीदी ने भारत के बारे में जो नकारात्मक टिप्पणियां की उन्हें तरजीह नहीं देनी चाहिए। पहली नजर में यह सुझाव उचित भी लगता है, क्योंकि ऐसी बातों को तरजीह देने से अंततः हासिल कुछ नहीं होता। खासकर ऐसे समय में जब भारत की ओर से एक बार फिर पाकिस्तान के साथ बातचीत को पटरी पर लाकर शांति एवं स्थिरता कायम करने की पहल हो चुकी है, किसी नकारात्मक प्रतिक्रिया का संज्ञान लेना इसे धक्का पहुंचा सकता है। चूंकि अफरीदी ने अपना स्पष्टीकरण दे दिया है, इसलिए भी बात आगे बढ़ना युक्तिसंगत नहीं लगता। किंतु जिस क्रिकेट को प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने शांति एवं सद्भाव कायम करने का आधार बनाकर पाकिस्तान के प्रधानमंत्री की अगवानी की, यदि उसके कप्तान की राय ही भारत के बारे में कभी अच्छी कभी बुरी आ रही है तो यह सामान्य बात नहीं है। इसलिए अफरीदी ने जो कुछ भी कहा उसका मर्म समझना आवश्यक है।

कच्चे तेल की खोज की कीमत को पूरी तरह से अनियंत्रित नहीं छोड़ा जा सकता

विशेष संवाददाता - 2011-02-23 20:07 UTC
भारत के पेट्रोलियम मंत्री श्री एस जयपाल रेड्डी ने वास्तविक और वित्तीय बाज़ार के बीच अंतर-संबंध पर समझदारी बढ़ाने की ज़रुरत पर जोर दिया है ताकि कीमतों में अस्थिरता और मूल्य की खोज के मुद्दे पर प्रकाश डाला जा सके। रियाद (सऊदी अरब) में अंतरराष्ट्रीय उर्जा फोरम की मंत्री स्तरीय विशेष बैठक में कल पेट्रोलियम मंत्री श्री जयपाल रेड्डी ने कहा कि तेल की कीमतों को पूरी तरह अनियंत्रित नहीं छोड़ा जा सकता। श्री रेड्डी ने जोर देते हुए कहा कि बिना तैयारी के पेपर बैरल में लेन-देन और व्यापार के साथ ही अधिक कीमत पर बेचने की नीयत से की गई खरीदारी संबंधी गतिविधि 2008 में तेल मूल्यों में बेतहाशा वृद्धि के लिए जिम्मदेार थी।

कृषि शिक्षा के क्षेत्र में वैश्विक मानदंड की आवश्यकता

विशेष संवाददाता - 2011-02-23 20:04 UTC
नई दिल्ली: कृषि और खाद्य प्रसंस्करण उद्योग मंत्री श्री शरद पवार ने देश में कृषि शिक्षा और शोध के महत्व और गुणवत्ता को ऊंचा उठाने के लिए वैश्विक मानदंड अपनाने का आह्वान किया।

भारत और आइल ऑफ मान ने कर सूचना के आदान-प्रदान के करार पर हस्ताक्षर किए

विशेष संवाददाता - 2011-02-07 13:09 UTC
भारत और आइल ऑफ मान ने लंदन में 4 फरवरी 2011 को कर सूचना के आदान - प्रदान के समझौते (टीआइईए) पर हस्ताक्षर किए। भारत की ओर से इस समझौते पर यूनाइटेड किंगडम में भारत के उच्चायुक्त श्री नलिन सूरी ने हस्ताक्षर किए और आइल ऑफ मान की और से वहां के माननीय राजकोष मंत्री श्री ऐनी क्रेन ने हस्ताक्षर किया। भारत द्वारा दिल्ली में 7 अक्तूबर, 2010 को बरमूडा के साथ पहले टीआइईए पर हस्ताक्षर किया गया था।

भारत और त्रिनिदाद एवं टोबैगो ने पर्यटन सहयोग पर चर्चा की

विशेष संवाददाता - 2011-01-17 17:23 UTC
नई दिल्ली: त्रिनिदाद एवं टोबैगो गणराज्‍य के पर्यटन मंत्री डॉ. रूपर्ट ग्रिफित ने आज पर्यटन राज्‍य मंत्री श्री सुल्‍तान अहमद से मुलाकात की। आधे घंटे चली बैठक के दौरान दोनों नेताओं ने दोनों देशों के बीच पर्यटन के क्षेत्र में सहयोग मजबूत करने पर चर्चा की।

भारत और पेरू आर्थिक सहयोग बढ़ाएंगे

विशेष संवाददाता - 2011-01-17 17:18 UTC
नई दिल्ली: केन्‍द्रीय वाणिज्‍य और उद्योग मंत्री श्री आनंद शर्मा ने आज यहां पेरू के व्‍यापार और पर्यटन मंत्री डॉ. इडुआर्डो फेरीरोस के साथ अपनी द्विपक्षीय बैठक के दौरान कहा कि दोनों देशों को आर्थिक सहयोग बढ़ाने के लिए साथ मिलकर सक्रियतापूर्वक काम करना चाहिए। उन्‍होंने कहा कि इसके लिए खनिज, हाइड्रोकार्बन, इंजीनियरिंग, सूचना प्रौद्योगिकी, विज्ञान और प्रौद्योगिकी आदि प्रमुख क्षेत्र हैं।