कहां हैं सरकार और हमारे कृषि मंत्री शरद पवार?
- 2010-05-13 08:12 UTCपिछले साल किसानों ने आलू नहीं बोया परिणामतः 45 रुपये किलो आलू बिक गया यह अनमोल रत्न, इस देश में। इसी भाव के लालच में किसानों ने इस बार कुछ ज्यादा बुआई कर दीं परिणाम 25 पैसे किलो भी किसी बहुराष्ट्रीय चिप्स बनाने वाली कंपनी के लिए खरीदना गवारा नहीं रहा। देश की राजधानी और इसके सटे इलाकों के बाजारों में आलू के भाव 7-8 रूपये से कम नहीं हुए। कस्बों और गांवों में इसके भाव 5 रूपये पर टिके रहे। खेत में आलू का भाव 50 पैसा किलो था हद से हद एक रूपये किलो और बाजार में कम से कम 5 रूपये किलो यह राष्ट्रीय औसत है।