दिलचस्प बात यह है कि सपा अध्यक्ष ने विधानसभा के चुनावों को 2014 में होने वाले लोकसभा के चुनावों के परिप्रेक्ष्य में रखकर देखा है। आगरा सम्मेलन के दौरान उन्होंने न केवल प्रदेश में पार्टी को सत्ता में लाने का संकल्प व्यक्त किया, बल्कि अगले लोकसभा चुनाव में भी ज्यादा से ज्यादा सीटें हासिल करने पर जोर दिया। उन्होंने पार्टी कार्यकर्त्ताओं का आहवान किया कि उन्हें लोकसभा के चुनावों में पार्टी को उतनी सीटें जितवाने की कोशिश करनी चाहिए, जिससे पार्टी केन्द्र में सरकार के गठन में भी प्रमुख भूमिका निभा सके।
सपा नेताओं ने सम्मेलन मे यह साफ कर दिया कि उनकी पार्टी का किसी भी अन्य पार्टी के साथ किसी प्रकार का गठबंधन अथवा तालमेल नहीं होगा। उनका जोर राज्य सरकार के भ्रष्टाचार का पर्दाफाश करना होगा। राज्य में बिगड़ती कानून व्यवस्था और विकास प्रयासों की कमी को भी वे जनता के सामने उठाएंगे। भ्रष्टाचार और बढ़ती महंगाई को लेकर पार्टी ने केन्द्र सरकार की भी कटु आलोचना की। इसके साथ उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि केन्द्र सरकार द्वारा सांप्रदायिक शक्तियों के खिलाफ की जा रही कार्रवाई का वे समर्थन करते रहेंगे।
पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष अखिलेश यादव ने राज्य में मायावती सरकार के खिलाफ पार्टी के अभियान की कमान संभाल रखी है। उन्होंने सम्मेलन में मायावती सरकार के भ्रष्टाचार की चर्चा करते हुए कहा कि अकेले स्मारक और मूर्त्तियों के निर्माण में 5 हजार करोड़ रुपए का घोटाला हुआ है। उन्होंने राज्य सरकार द्वारा किसान विरोधी नीतियां अपनाने की भी निंदा की और कहा कि किसानों से जमीन सस्ती कीमत पर ली जा रही है, जबकि उसी जमीन को सरकार कालोनाइजरों के हाथों ऊंची कीमत पर बेच रही है।
इस बीच समाजवादी पार्टी सहित राज्य की सभी विपक्षी पार्टियां पुलिस थाने में 14 साल की एक लड़़की की हत्या के मसले पर मायावती प्रशासन को कठघरे में खड़ा कर रही है। हालंकि मायावती सरकार ने सीबी- सीआइडी की जांच के निर्देश दिए हैं, लेकिन विपक्षी पार्टियां इससे संतुष्ट नहीं है और वे इस मसले की सीबीआई जांच की मांग कर रही हैं। उनका आरोप है कि मायावती की सरकार महिलाओं और खासकर दलित महिलाओं की रक्षा करने में विफल रही है।
कांग्रेस महासचिव दिग्विजय सिंह ने भी इस मामले की जांच सीबीआई से कराने की मांग की है और उनका कहना है कि सीबी- सीआइडी की जांच के आदेश मामले को रफा दफा करने के लिए दिए गए हैं।
समाजवादी पार्टी के सूत्रों के अनुसार रोज रोज हो रही हत्याओं को पार्टी एक बड़ा मसला बनाने जा रही है। उसका कहना है कि अब थाने तक में हत्याएं हो रही हैं। उम्मीद है कि पाटी्र इस मसले पर सरकार के खिलाफ अपना अभियान और तेज कर देगी।
सपा ने मायावती सरकार के खिलाफ अपना अभियान तेज किया
भ्रष्टाचार और बिगड़ी कानून व्यवस्था पर ज्यादा जोर
प्रदीप कपूर - 2011-06-15 05:48
लखनऊः समाजवादी पार्टी ने उत्तर प्रदेश की सत्ता पर अगले विधानसभा चुनाव के बाद अपने बूते पर सत्ता हासलि करने के लिए जबर्दस्त अभियान शुरू कर दिया है। पिछले 7 और 8 जून को आगरा में संपन्न दो दिवसीय पार्टी सम्मेलन की समाप्ति के बाद पार्टी का उत्साह बढ़ा है। उसमें पार्टी अध्यक्ष मुलायम सिंह यादव ने अपने कार्यकर्त्ताओं को कहा था कि पार्टी की जीत सुनिश्चित करने के लिए वे आपसी मतभेद भुलाकर एक जुट हो जाएं। उन्होंने राज्य की जनता से अपील की थी कि वे बसपा की सरकार को उखाड़ फेंके और राज्य में सपा की सरकार के गठन में उनका साथ दें।