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इतिहास की गलत समझ है प्रधानमंत्री मोदी को

संघ शिकार नहीं, बल्कि दोषी है
अमूल्य गांगुली - 2016-08-25 13:26 UTC
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने गुजरात के वाडनगर के जिस स्कूल से पढ़ाई की है, उसके एक शिक्षक का कहना है कि वे एक औसत छात्र थे। प्रधानमंत्री अब उसे साबित कर रहे हैं कि उनके पास इतिहास की सही जानकारी नहीं है। एक बार तो उन्होंने महात्मा मोहन दास को महात्मा मोहनलाल तक कह दिया था। अब वे कह रहे हैं कि आजादी के पहले कांग्रेस को जितने संकटों का सामना करना पड़ा था, उससे ज्यादा संकटों का सामना राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ को 1947 के बाद करना पड़ा।

मध्यप्रदेश विधानसभा में जीएसटी का श्रेय लेने के लिए मची होड़

जीएसटी काउंसिल में राज्य सरकार रखेगी मध्यप्रदेश का पक्ष
राजु कुमार - 2016-08-24 11:21 UTC
संसद के दोनों सदनों में पारित संविधान के 122वें संविधान संषोधन विधेयक 2014 (जीएसटी संबंधी) के अनुसमर्थन में आयोजित मध्यप्रदेश विधान सभा की एक दिवसीय बैठक में सर्वसम्मति से बिल का अनुसमर्थन किया गया। इस पर आयोजित चर्चा में पक्ष एवं विपक्ष के सदस्यों ने भाग लिया। भाजपा विधायकों, संसदीय कार्य मंत्री एवं मुख्यमंत्री ने इस बिल का श्रेय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी को दिया, तो कांग्रेसी सदस्यों ने पूर्व प्रधानमंत्री डाॅ. मनमोहन सिंह, यूपीए अध्यक्ष सोनिया गांधी, तत्कालीन वित्त मंत्री प्रणब मुखर्जी एवं पूर्व वित्त मंत्री पी. चिदंबरम् को जीएसटी का श्रेय दिया। जीएसटी पर चर्चा के अंत में मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने अपने नेताओं के साथ ही कांग्रेसी नेताओं को भी श्रेय दिया।

कश्मीर में अलगाववादियों को मिले सख्त संदेश

बातचीत का विकल्प भी हमेशा खुला रहना चाहिए
उपेन्द्र प्रसाद - 2016-08-24 11:16 UTC
कश्मीर में अशांति जारी है, हालांकि यह भी सच है कि अधिकांश जगहों पर हालात बेहतर हो चुके हैं, पर श्रीनगर जिले में अभी कफ्र्यू लगाना पड़ता है। इसके अलावा अनंतनाग और पुलवामा शहर मे भी प्रदर्शनकारी माहौल को अशांत कर रहे हैं। बुढ़ान वानी की पुलिस मुठभेड़ में मौत के बाद जिस तरह का प्रदर्शन वहां हो रहा है, उससे यही लगता है कि उसकी तैयारी बहुत पहले से थी। सच तो यह है कि भारतीय जनता पार्टी और पीडीपी की मुफ्ती सरकार के गठन के बाद ही अलगाववादियों में भय का वातावरण था। चूंकि यह दो विपरीत विचारधारा वाले संगठन के बीच सुविधा का गठजोड़ था, इसलिए अलगाववादियों को लग रहा था कि कहीं पीडीपी के लोग सुविधावादी होकर मुख्यधारा में शामिल न होने लगें। गौरतलब हो कि मुफ्ती की पार्टी का अलगाववादियों से लगाव रहा है और महबूबा मुफ्ती के बारे मे तो कहा जाता है, उनकी उन लोगों से सहानुभूति रही है। पीडीपी की जीत के पीछे यह सहानुभूति भी जिम्मेदार रही है।

अखिलेश और शिवपाल के बीच टकराव

मध्यस्थ की भूमिका में मुलायम
प्रदीप कपूर - 2016-08-23 13:07 UTC
लखनऊः समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष मुलायम सिंह यादव के सामने आज की सबसे बड़ी चुनौती अपने परिवार को एक साथ बनाए रखने की है। एक रखकर ही वे आगामी विधानसभा चुनाव का सामना दृढता के साथ कर पाएंगे।

उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव में बसपा की स्थिति सुधरी

सरकार फिर बनाने के लिए अखिलेश कर रहे हैं जद्दोजहद
हरिहर स्वरूप - 2016-08-22 13:45 UTC
जैसे जैसे उत्तर प्रदेश विधानसभा के चुनाव नजदीक आ रहे हैं, राजनैतिक पार्टियों के आपसी समीकरण बदलते जा रहे हैं। मायावती को पूरा विश्वास है कि उनकी पार्टी को उत्तर प्रदेश में इस बार बहुमत जरूर मिलेगा। दूसरी तरफ अखिलेश यादव यह महसूस कर रहे हैं कि इस बार लड़ाई कठिन है।

बिहार की जहरीली शराब त्रासदी

शराबबंदी को और कड़ाई से लागू करना जरूरी
उपेन्द्र प्रसाद - 2016-08-20 11:22 UTC
बिहार के गोपालगंज जिले में हुई हूच (जहरीली शराब) त्रासदी में कम से कम 18 लोगों की मौत हो चुकी है और इस घटना के बाद शराबबंदी कानून को सख्ती से लागू करने के लिए नीतीश सरकार की आलोचना की जा रही है। कहा जा रहा है कि सरकार ने शराबबंदी कर दी है, इसके कारण ही लोग अवैध रूप से बनी जहरीली शराब पीने के लिए बाध्य हो रहे हैं और उसके कारण ही यह घटना घटी है। लेकिन इस तरह का दिया गया तर्क कुतर्क से ज्यादा कुछ भी नहीं है। जो लोग इस तरह की बातें कर रहे हैं, क्या वे दावे के साथ कह सकते हैं कि जब प्रदेश मे शराबबंदी नहीं थी और लोगों को बाजार में मान्यताप्राप्त शराब मिल जाया करती थी, तो क्या इस तरह की हूच ट्रेजडी नहीं हुआ करती थी?

समाजवादी पार्टी में दरार

अखिलेश और शिवपाल के बीच बढ़ा तकरार
कल्याणी शंकर - 2016-08-19 12:41 UTC
मुलायम सिंह यादव के परिवार में सबकुछ ठीक नहीं चल रहा है। परिवार का झगड़ा अब सार्वजनिक हो गया है। विधानसभा का चुनाव सिर पर है और सरकार के खिलाफ लोगों का असंतोष पार्टी की चुनाव संभावना को कमजोर कर रहा है। वैसी हालत में देश का सबसे बड़ा राजनैतिक परिवार में छिड़ा युद्ध कोई अच्छा संकेत नहीं है। गौरतलब हो कि मुलायम सिह यादव का परिवार देश का सबसे बड़ा राजनैतिक परिवार है, जिसके कम से कम 20 सदस्य किसी न किसी महत्वपूर्ण राजनैतिक पद पर बैठे हैं।

बाबूलाल गौड़ विद्रोह की मुद्रा में

यादवों की सभा में अपनी भड़ास निकाली
एल एस हरदेनिया - 2016-08-18 17:12 UTC
भोपालः क्या बाबूलाल गौर अपनी पार्टी भारतीय जनता पार्टी के खिलाफ विद्रोह का इरादा रखते हैं? भोपाल में आयोजित यादवों की एक सभा में उन्होंने जो कुछ कहा, उसका संकेत तो यही है।

सीपीएम डाल रही है मणि पर डोरे

सीपीआई और अच्युतानंदन हैं नाराज
पी श्रीकुमारन - 2016-08-17 18:39 UTC
तिरुअनंतपुरमः गठबंधन की राजनीति में राजनैतिक मोर्चे को विस्तार देना वक्त की जरूरत है, लेकिन यह यदि राजनैतिक प्रतिबद्ता को ताक पर रख कर किया जाता है, तो इससे गठबंधन को बढ़ाने वाले का जनाधार प्रभावित हो सकता है।

शहरों और राज्यों के बदलते नाम

अब बारी है पश्चिम बंगाल की
हरिहर स्वरूप - 2016-08-17 18:37 UTC
अब राज्यों, शहरों, सड़कों और गलियों का नाम बदला जाना रूटीन हो गया है। पिछले कुछ समय में अनेक नाम बदले हैं। नाम बदलने के अलग अलग कारण बताए जाते हैं। कभी नाम बदलने के लिए इतिहास का हवाला दिया जाता है, तो कभी साम्राज्यवादी स्मृति से छुटकारा पाने के लिए नाम बदल दिए जाते हैं। कई बार तो राजनैतिक कारणों से भी नाम बदल दिए जाते हैं। कलकत्ता में एक हैरिंगटन स्ट्रीट हुआ करती थी। वह स्ट्रीट अभी भी है, लेकिन उसका नाम बदल कर हो ची मिन्ह कर दिया गया है।