भ्रष्टाचार के खिलाफ आडवाणी की रथयात्रा
इसकी जरूरत ही क्या है?
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2011-09-13 13:43 UTC
भाजपा नेता लालकृष्ण आडवाणी एक बार और रथ पर बैठ रहे हैं। वे और उनकी पार्टी के कुछ अन्य नेता कई बार रथयात्रा कर चुके हैं, लेकिन अबतक उन्हें कुल एक बार रथयात्रा में सफलता मिली। वह रथयात्रा राम मंदिर के निर्माण के लिए थी। उसका तात्कालिक उद्देश्य मंडल आयोग की सिफारिशों के लागू करने की विश्वनाथ प्रताप सिंह सरकार की घोषणा के बाद पैदा हुए जाति विभाजन से पार्टी को बचाना था। पार्टी ने उस समय आरक्षण का विरोध किया था, जबकि उसके दर्जनों विधायक पिछड़े वर्गों के थे और वे पार्टी के अंदर अपने को बेचैन पा रहे थे। उनकी बेचैनी दूर करने और हिंदुओं के जाति विभाजन से पार्टी को होने वाले संभावित नुकसान को रोकने के लिए लालकृष्ण आडवाणी ने रामरथ यात्रा शुरू कर दी, जिसका घोषित उद्देश्य राम मंदिर का निर्माण था, लेकिन अघोषित लक्ष्य था जाति विभाजन के शिकार हिन्दुओं में हिन्दुत्व का भाव भरा रखकर उनका समर्थन सुनिश्चित करते रहना।