स्वर्णिम रेशा – पटसन
2012-12-13 12:06 -नई दिल्ली: पटसन भारत के कृषि और औद्योगिक अर्थव्यवस्था के सबसे पुराने क्षेत्रों में से एक है। भारत कच्चे पटसन और इससे तैयार माल का सबसे बड़ा उत्पादक देश है। वर्ष 2012-13 के दौरान पटसन क्षेत्र से निर्यात 38 करोड़ 30 लाख अमरीकी डॉलर मूल्य का था। इस वर्ष 50 करोड़ अमरीकी डॉलर मूल्य के निर्यात का लक्ष्य तय किया गया है। निर्यात की जाने वाली वस्तुओं में फर्श पर बिछाने की पटसन से बनीं दरी, वॉल हैंगिंग, सजावटी वस्त्र जैसी विभिन्न चीजें शामिल हैं।