भारत
दो मौतों की कहानी: कलाम के लिए सभी ने मातम मनाया
- 2015-08-07 10:38 UTCपिछला वृहस्पतिवार एक कष्टदायी दिन था। उस दिन दो अलग अलग तरह के मुसलमान को दफनाया गया था। नागपुर के जेल में याकूब अब्दुल रजाक मेमन नाम के एक मुस्लिम को फांसी पर लटकाया गया और उसे उसी दिन दफना भी दिया गया। याकूब को फांसी दिए जाने के कुछ समय बाद ही रामेश्वरम में अबुल फकीर जैनुलाब्दीन अब्दुल कलाम को पूरे राष्ट्रीय सम्मान के साथ दफनाया गया। मेमन को फांसी पर चढ़ते हुए किसी कैमरा को फोटो या विडियो सूट करने की इजाजत नहीं दी गई, लेकिन कलाम की अन्त्येष्टि को देश भर में दिखाया गया।