भारत
अन्ना की भूख हड़ताल के सबक
भ्रष्टाचार को हल्के ढग से न ले सरकार
-
2011-04-10 18:18 UTC
अन्ना हजारे के आमरण अनशन के दौरान देश भर में भ्रष्टाचार के खिलाफ जिस तरह से तेज आंदोलन हुए, उसे देखकर कम से कम अब तो केन्द्र सरकार और खासकर प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह की नींद टूट जानी चाहिए। केन्द्र सरकार ने अन्ना की शुरुआती मांगों को स्वीकार कर लिया है, लेकिन मामला अभी समाप्त नहीं हुआ है।